किसान मुक्ति यात्रा में उत्तर-दक्षिण का भेद मिटा, आंध्र-तेलंगाना में भारी समर्थन

आंदोलन , विजयवाड़ा, सोमवार , 18-09-2017


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जनचौक ब्यूरो

विजयवाड़ा (आंध्र प्रदेश)। अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति (AIKSCC) के बैनर तले दक्षिण भारत की 8 दिवसीय "किसान मुक्ति यात्रा" जारी है। इसमें स्वराज अभियान का किसान इकाई संगठन "जय किसान आंदोलन" भी शामिल है। इस आंदोलन ने अपनी दूसरे दिन की यात्रा में आंध्र प्रदेश के किसानों के साथ-साथ विजयवाड़ा में आंध्र समाज के सशक्त सामाजिक कार्यकर्ताओं का समर्थन हासिल किया। पहले दिन की यात्रा में तेलंगाना के महिला-पुरुष किसानों ने "जय किसान आंदोलन" की यात्रा में भागीदारी की।

दक्षिण भारत में किसान मुक्ति यात्रा जारी। फोटो : स्वराज अभियान

विजयवाड़ा में जनसभा

कृष्णा और गोदवरी नदी की कोख से होता हुआ जय किसान आंदोलन का कारवां विजयवाड़ा के सिद्धार्थ कॉलेज में पहुँचा। सुप्रीम कोर्ट के भूतपूर्व न्यायधीश, सेवानिवृत प्रशासनिक अधिकारी, आंध्र प्रदेश के लेखक, बुद्धिजीवियों के साथ किसान संघर्ष से जुड़े कार्यकर्ताओं ने मिलकर इस जनसभा का आयोजन किया।

दक्षिण भारत में किसान मुक्ति यात्रा जारी। फोटो : स्वराज अभियान

"दो समाचार, दो विचार, एक आमंत्रण"

सभा को सम्बोधित करते हुए स्वराज इंडिया के अध्यक्ष योगेन्द्र यादव ने किसानों के सामने "दो समाचार, दो विचार और एक आमंत्रण" के साथ अपनी बात शुरू की। उन्होंने कहा की महाराष्ट्र ,मध्यप्रदेश और राजस्थान (सीकर) के किसानी संघर्ष की विजयी सफलता के साथ आंध्र प्रदेश और तेलांगना के साथियों का हमारे साथ शामिल होना दो शुभ समाचार हैं। किसानों की मांगों के रूप में पूरी तरह से किसानों की कर्जमाफी और उनकी उपज का न्यायसम्मत मूल्य मिलना दो शुभ विचार हैं। इन दोनों समाचार और विचार के साथ योगेन्द्र यादव ने विजयवाड़ा के किसानों को आगामी 20 नवम्बर को संसद के समान्तर "किसान संसद" में सदस्य के रूप में शामिल होने के लिए न्योता दिया।

दक्षिण भारत में किसान मुक्ति यात्रा जारी। फोटो : स्वराज अभियान

अगले पड़ाव की ओर

इस तरह किसान मुक्ति यात्रा का सफ़र दक्षिण भारत में लगभग 500 किलोमीटर की यात्रा पूरी करते हुए अपने अगले पड़ाव की तरफ बढ़ रहा है। इससे पहले किसान मुक्ति यात्रा शुरुआत में दक्षिण भारत के तेलंगाना के पहले पड़ाव में हज़ारों किसान समर्थक भागीदारों की गवाह बनती दिखी। जिसमें लगभग 25 से अधिक किसान संगठनों ने खेती किसानी से जुड़ी तर्कसंगत मांग पूरी ऋणमुक्ति और लाभदायक कीमत को अपना समर्थन दिया था। 

150 से अधिक संगठन शामिल

आपको बता दें कि  "किसान मुक्ति यात्रा" का आयोजन अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति (AIKSCC) द्वारा किया जा रहा है। जिसमें स्वराज अभियान के जय किसान आंदोलन समेत देश भर के लगभग 150 से अधिक संगठन शामिल हो रहे हैं। AIKSCC के संयोजक वी एम सिंह, सांसद राजू शेट्टी, तेलंगाना JAC के सदस्य प्रोफेसर कोड़नाराम, जय किसान आंदोलन के सहसंस्थापक और स्वराज इंडिया अध्यक्ष योगेन्द्र यादव, किसान संघर्ष समिति के डॉ सुनीलम, AIKS से जुडी मल्ला रेड्डी, AIKMS के वेमुलपल्ली वेंकटरमण यात्रा में शामिल हैं।






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