सामने आ गया जागरण का झूठ,जम्मू-कश्मीर पुलिस ने किया खंडन; कहा-हुआ था बच्ची के साथ रेप

ख़ास रपट , ऩई दिल्ली, शनिवार , 21-04-2018


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जनचौक ब्यूरो

नई दिल्ली। कठुआ गैंग रेप मामले में दैनिक जागरण के झूठ पर जम्मू-कश्मीर पुलिस ने आज पानी फेर दिया। पुलिस ने कहा है कि कठुआ मामले में प्रेस और मीडिया के कुछ हिस्से में गलत सूचना प्रसारित की जा रही है जिसका सत्य से कोई दूर-दूर तक रिश्ता नहीं है। इस बात को जम्मू के क्राइम ब्रांच ने बाकायदा प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कही।

जोनल हेडक्वार्टर्स के क्राइम ब्रांच के हवाले से जारी की गयी इस विज्ञप्ति में कहा गया है कि “पिछले कुछ समय से प्रेस/इलेक्ट्रानिक मीडिया और सोशल मीडिया 12 जनवरी 2018 को कठुआ के हीरानगर पुलिस स्टेशन में दर्ज एफआईआर नंबर 10/2018 के संबंध में गलत सूचनाएं साझा कर रहे हैं”।

क्राइम ब्रांच ने कहा है कि जांच की सभी कानूनी औपचारिकताओं को पूरा करने के बाद सक्षम अदालत में एक चार्जशीट पेश की गयी और अब जांच एजेंसी इस मामले में एक सप्लीमेंट्री चार्जशीट भी पेश करने की तैयारी कर रही है। लेकिन पिछले कुछ दिनों से प्रिंट/इलेक्ट्रानिक मीडिया के एक हिस्से ने सोशल मीडिया पर ऐसी सूचनाएं प्रकाशित और प्रसारित की है जिनका सत्य के साथ कोई रिश्ता नहीं है।

गौरतलब है कि दैनिक जागरण ने कठुआ गैंगरेप मामले में एक रिपोर्ट प्रकाशित की है जिसमें उसने कहा है कि बच्ची के साथ किसी तरह का दुष्कर्म नहीं हुआ है।

इस सिलसिले में उसने जांच की कुछ बातों को छुपा लिया और अगर कुछ बताया भी तो उसे तोड़-मरोड़कर। इसे संघ-बीजेपी प्रायोजित पहल के एक हिस्से के तौर पर देखा जा रहा है। 

ये कोई पहला मामला नहीं है जब जागरण ने ऐसा किया हो। इसके पहले चाहे बाबरी मस्जिद प्रकरण रहा हो, जिसमें उसने कारसेवकों के खून से सरजू के रंगने की खबर चलायी थी या फिर मस्जिद के गिरने के बाद कलंक के टीके के मिटने की बैनर हेडिंग लगाने का मामला रहा हो। उसकी सांप्रदायिक पक्षधरता जगजाहिर है। और उसमें झूठ का हिस्सा हमेशा ज्यादा रहा है। और कई बार तो पूरा का पूरा झूठ बोलने से भी उसे परहेज नहीं रहा है। मसलन इसी तरह की एक खबर उसने बीएसपी सुप्रीमो मायावती के खिलाफ चलायी थी जब अपनी एक खबर में उसने कहा था कि उनका एक बेटा है और वो देहरादून में पढ़ाई कर रहा है।

कई बार अपनी इन करतूतों का उसे खामियाजा भी भुगतना पड़ा है। एक बार सपा के लोगों ने मुलायम सिंह यादव के आह्वान पर उसके दफ्तरों पर हमला बोल दिया था। इसी तरह की स्थिति मायावती प्रकरण में भी बनी थी। जब बीएसपी के कार्यकर्ता अखबार के खिलाफ उग्र हो गए थे। उसके बाद जागरण को न केवल खबर हटानी पड़ी थी बल्कि माफीनामा भी छापना पड़ा था।

संघ की स्थायी सुपारी लेने के लिए जाने जाने वाले इस पेपर के हौसले आजकल इसलिए भी बुलंद हो गए हैं क्योंकि केंद्र से लेकर तमाम उन राज्यों में बीजेपी की सत्ता है। जहां इसका प्रकाशन और प्रसारण होता है। 

जम्मू-कश्मीर क्राइम ब्रांच ने कहा है कि इस रिपोर्ट के दबाव में आकर उसे रिकार्ड में दर्ज कराना पड़ रहा है कि मेडिकल विशेषज्ञों की तैयार की गयी राय के आधार पर इस बात की पुष्टि की गयी है कि आरोपियों द्वारा पीड़िता के साथ यौन हिंसा की गयी थी।

चिकित्सा विशेषज्ञों ने ये भी राय दी थी कि पीड़िता का हाइमन सुरक्षित नहीं था। उसी के अनुरूप मेडिकल राय के आधार पर केस में धारा 376 (डी) आरपीसी को जोड़ा गया। इसके साथ ही चिकित्सकीय राय में इस बात को बगैर किसी शक और सुबहा के स्थापित किया गया है कि पीड़िता को बंधक बनाकर रखा गया था और उसे लगातार नशीला पदार्थ दिया जा रहा था। उसकी मौत का कारण सांस का रुकना था जो दिल के दौरे का कारण बना। 




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?????? ????? :: - 04-29-2018
जागरण का खबर झुठ है तो तेरा भी खबर सच नही है। जांच रिपोर्ट के अनुसार सभी आठ आरोपीयों ने कथित तौर पर आसिफा का बलात्कार किया था तो फिर आसिफ के गुप्तांग, कपड़ो या घटना स्थल पर किसी एक भी आरोपी का सीमेन क्यों नहीं मिला? लेकिन कथित पीड़िता का खुन और एक आरोपी का बाल मंदिर से मिल गया जबकि उस मंदिर में तीन गांव के सैंकडों लोग सुबह-शाम पूजा करने आते थे । जांच रिपोर्ट के अनुसार मंदिर के तहखाने में कथित पीड़िता को बंदी बनाकर रखा गया, बलात्कार किया गया और हत्या किया गया था लेकिन मंदिर में कोई तहखाना नही है। तो फिर जांच रिपोर्ट में किस अदृश्य तहखाने का जिक्र किया गया है?

Mohit :: - 04-21-2018
Desh ke is prkar ke news paper ki holi jla dena chahiye. Or in news paper ko kharidna band kar dena hi behtar hai taaki ESE news papers ko aaiyna dhikya ja sake

Mohit :: - 04-21-2018
Merit ki bat karne Bali bjp Ko desh ki minster smrti Irani ke bare me kya rai hai Jinki academic gyan se sabhi parichit hai. Badi sharm mahsoos hoti hai jab smriti Irani type ke logo me desh ke mantraylya sop diye jate hai.