लाल, काले झंडों और अंधड़ ने किया मोदी की रैली को बदरंग

राजस्थान , झुंझुनू, शुक्रवार , 09-03-2018


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मदन कोथुनियां

झुंझुनू। पूरी प्रदेश बीजेपी के भरसक प्रयास के बाद भी गुरुवार को हुई प्रधानंत्री नरेंद्र मोदी की रैली का मजा तीन चीजों ने खराब कर दिया। अगर कहें तो लाल-काले झंडे और आंधी ने पूरी रैली का माहौल ही खराब कर दिया। जिसके बाद एक घंटे तक लगातार बोलने वाले प्रधानमंत्री ने भी जल्दी ही अपना भाषण खत्म कर दिया।

प्रधानमंत्री ने अपनी इस रैली के दौरान झुंझुनू जिले के लिए किसी भी सौगात का जिक्र नहीं किया। भीड़ की कमी को देखते हुए भाजपा के स्थानीय नेताओं के चेहरे मुरझाए रहे। जहां 4 लाख लोगों के आने की बात कही जा रही थी, वहीं मिली जानकारी के अनुसार केवल 40-50 हजार के करीब ही लोग जुट पाए।

किसानों ने किया प्रदर्शन

इसके अलावा किसानों ने भी अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन किया और प्रधानमंत्री को ज्ञापन सौंपने की कोशिश की, लेकिन पुलिस प्रशासन ने लाल झंडों तले प्रदर्शन कर रहे इन किसानों को कलेक्टर निवास के पास ही रोक लिया। इसके अलावा जब प्रधानमंत्री मंच से बोल रहे थे तो अचानक मौसम ने भी अपना रुख बदला और तेज हवाएं चलने लगी तो पीएम ने कहा कि सब लोग अपने आस-पास के एंगल पकड़ लें ताकि किसी को कोई नुकसान ना हो।

स्कूली बच्चों ने रखी लाज 

हालांकि स्कूली बच्चों की वजह से काफी हद तक भीड़ दिखाने में कामयाब भी रहे। गौरतलब है कि जैसे ही नरेंद्र मोदी मंच पर उपस्थित हुए स्कूली बच्चों ने जोरदार स्वागत किया, लेकिन जैसे ही वसुंधरा राजे ने अपना संबोधन शुरू किया जनता ने काले झंडे दिखाने शुरू कर दिए। जिसके चलते प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के चेहरे पर नाखुशी दिखाई दी। काले झंडों ने मोदी जी के व्यवहार को एकदम रूखा बना दिया, नतीजतन कुछ देर के भाषण के बाद उन्होंने विराम लगा दिया। रही सही कसर मौसम ने पूरी कर दी। इस बीच जनता पाइपों को पकड़कर जूझती रही। तेज हवाओं के चलते पंडाल भी कई जगह से हिल गया।

प्रधानमंत्री मोदी को कहना पड़ा कि पंडाल के पाइपों को पकड़ कर खड़े हो जाओ, जिससे कोई जनहानि नहीं हो। झुंझुनू की जनता को प्रधानमंत्री मोदी से काफी उम्मीदें थीं, लेकिन काले झंडों ने उन सभी उम्मीदों पर पानी फेर दिया और मोदी को भी काले व लाल झंडों ने काफी परेशान किया, जिसके चलते कुछ ही देर में मोदी ने अपने संबोधन को बीच में ही समाप्त कर वहां से रवानगी कर ली।

(मदन कोथुनियां पत्रकार हैं और आजकल जयपुर में रहते हैं।)






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