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लाइव प्रसारण में जब एंकर ने पढ़ी अपने पति के मौत की ख़बर

जनचौक ब्यूरो

ख़बर की दुनिया भी अजीब होती है। ख़बरनवीस का ख़बर होना कोई नई बात नहीं है। लेकिन अगर ख़बर देते समय खुद से जुड़ी दुखद ख़बर का पता चले और उसे देने की जिम्मेदारी भी उसी पर हो, तब ज़रूर बात नयी हो जाती है।

छत्तीसगढ़ के क्षेत्रीय चैनेल आईबीसी-24 की एंकर के साथ कुछ ऐसा ही हुआ। सुप्रीत कौर चैनल में सुबह दस बजे का बुलेटिन पढ़ रही थीं। अभी बुलेटिन दस मिनट गुजरा होगा कि तभी एक हादसे की खबर आयी। पैनल और प्रोडक्शन टीम ने उन्हें इसे ब्रेकिंग न्यूज के तौर पर पेश करने का निर्देश दिया।

सुप्रीत जान गईं कि उनके पति नहीं रहे

सुप्रीत कौर ने खबर पढ़ने के दौरान रिपोर्टर से पूरी घटना की जानकारी मांगी। जिसमें उसने रेनाल्ट डस्टर गाड़ी में सवार तीन लोगों की मौत और दो लोगों के घायल होने की सूचना दी। तभी सुप्रीत को याद आया कि उनके पति भी उसी दिन सुबह इतने ही लोगों के साथ उस मार्ग पर जाने वाले थे। फिर तस्वीरें सामने आते ही उनकी आशंका की पुष्टि हो गयी।

लेकिन ख़बर पढ़ना नहीं रुका

इसके साथ ही उन्हें पता चल गया कि दुर्घटना का शिकार कोई और नहीं बल्कि खुद उनके पति हैं और उनकी मौत हो गयी है। लेकिन खबर पढ़ते समय उन्होंने इसका एहसास नहीं होने दिया। बाकी 15 मिनट का बुलेटिन भी उन्होंने बेहद पेशेवराना तरीके से पढ़ा। अपने चेहरे से इसका एहसास भी नहीं होने दिया कि उनकी जिंदगी पर कोई वज्रपात हो गया है। इस दौरान उन्होंने अपने जज्बात को पूरी तरह से काबू रखा उसे खोने की जगह पूरे धैर्य से काम लिया। किसी भी तरह से अपने चेहरे पर कोई शिकन नहीं आने दी।

फिर वह फफक कर रो पड़ीं

जैसे ही बुलेटिन खत्म हुआ सुप्रीत कौर स्टूडियो से बाहर निकलीं और फफक-फफक कर रो पड़ीं। उन्होंने तत्काल रिपोर्टर से घटना की और पूरी जानकारी ली और उसके साथ ही घटनास्थल के लिए रवाना हो गयीं।

पिछले साल ही हुई थी शादी

भिलाई की रहने वाली सुप्रीत कौर छत्तीसगढ़ में सबसे ज्यादा देखे जाने वाले आईबीसी-24 चैनेल में पिछले 9 सालों से काम कर रही हैं। वो एक लोकप्रिय एंकर हैं। पिछले साल ही उनकी हर्षद कावड़े के साथ शादी हुई थी। ये जोड़ा रायपुर में रहता था और उनके एक बेटी भी है।

न्यूज़ पढ़ने के दौरान मौजूद सहयोगियों के मुताबिक सुप्रीत कौर को एहसास हो गया था कि वह जिस हादसे की खबर पढ़ रही हैं वो हादसा उनके पति की गाड़ी के साथ हुआ है। लेकिन उन्होंने धैर्य नहीं खोया और पूरे साहस के साथ खबर को पढ़ना जारी रखा।

हर कोई कर रहा तारीफ

सुप्रीत कौर की अपने पेशे के प्रति इस प्रतिबद्धता के लिए चारों तरफ तारीफ हो रही है। मुख्यमंत्री रमन सिंह ने भी उनके इस साहस की सराहना की है। ट्विटर और सोशल वेबसाइट पर उन्हें तरह-तरह से प्रशंसा मिल रही है।

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This post was last modified on November 5, 2018 6:55 am

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