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अकाल तख्त के जत्थेदार ने संभाला मोर्चा, कहा- कश्मीरी लड़कियों के सम्मान की रक्षा के लिए आगे आएं सिख

नई दिल्ली। जब हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर से लेकर पार्टी के विधायक तक कश्मीरी लड़कियों और महिलाओं को लेकर अश्लील और बेहद जाहिलाना किस्म के बयान जारी कर रहे हैं तब सिखों की एक धार्मिक संस्था की ओर से बेहद सुकूनभरा बयान आया है।
अकाल तख्त के जत्थेदार ज्ञानी हरप्रीत सिंह ने सिख समुदाय के लोगों से कश्मीर की महिलाओं और बच्चियों के सम्मान की रक्षा के लिए आगे आने की अपील की है। आपको बता दें कि अकाल तख्त सिख समुदाय की सबसे बड़ी पीठ होती है।

हरप्रीति सिंह ने कहा कि “ईश्वर ने सभी इंसानों को बराबर का अधिकार दिया है और लिंग, जाति और धर्म के आधार पर किसी के साथ मतभेद करना एक अपराध है। सेक्शन 370 के खात्मे के बाद चुने गए प्रतिनिधियों द्वारा कश्मीरी लड़कियों के खिलाफ जिस तरह की घोषणाएं की जा रही हैं वह न केवल अपमानजनक है बल्कि माफी के काबिल भी नहीं है।”
बगैर किसी का नाम लिए जत्थेदार ने कहा कि “जिस तरह से कुछ लोग कश्मीरी बेटियों की तस्वीरें सोशल मीडिया पर पोस्ट कर रहे हैं उसने भारत की छवि को चोट पहुंचाया है। इस तरह की टिप्पणियां महिलाओं को निशाना बनाती हैं। ठीक उसी समय ये लोग यह भूल जाते हैं कि एक महिला मां, बेटी, बहन और पत्नी भी है। ये महिलाएं ही हैं जो सृजन की क्षमता रखती हैं।”
एक बार फिर किसी शख्स या समुदाय का सीधे नाम लेने से बचते हुए उन्होंने कहा कि यही भीड़ जो अब कश्मीरी महिलाओं को निशाना बना रही है “ठीक इसी तरह से प्रतिक्रिया दी थी और 1984 के दंगों के दौरान सिख महिलाओं पर हमले किए थे।”

उन्होंने कहा कि “कश्मीरी महिलाएं हमारे समाज का हिस्सा हैं। उनके सम्मान की रक्षा करना हमारा धार्मिक कर्तव्य है। सिखों को कश्मीरी महिलाओं के सम्मान की रक्षा के लिए आगे आना चाहिए। यह हमारा कर्तव्य है और यही हमारा इतिहास है।”
इस बीच, दिल्ली के एक सिख एक्टिविस्ट हरमिंदर सिंह अहलूवालिया ने महराष्ट्र में फंसी 34 कश्मीरी लड़कियों को विमान से श्रीनगर भेजने के लिए 4 लाख रूपये डोनेशन के जरिये इकट्ठा किए। इन लड़कियों को पहुंचाने के लिए खुद हरमिंदर अपने एक दोस्त के साथ गए।

गौरतलब है कि कश्मीरी लड़कियों को लेकर सोशल मीडिया पर भद्दी-भद्दी और अश्लील टिप्पणियां की जा रही हैं। दिलचस्प बात यह है कि इस काम में बड़े-बड़े नेता भी शरीक हो गए हैं। हरियाणा के मुख्यमंत्री खट्टर ने बाकायदा एक सभा में कहा कि अब तो हरियाणा के लड़कों के लिए कश्मीरी लड़कियों से शादी का भी रास्ता खुल गया है।

इसी तरह का एक बयान बीजेपी के एक एमएलए ने दिया था जिसमें उसने कहा था कि अब तो उत्तर भारत के लड़कों को कश्मीर की गोरी-गोरी लड़कियों से शादी करने की छूट मिल गयी है। हालांकि इस पर जबर्दस्त प्रतिक्रियाएं भी हुई हैं। लेकिन जिस तरह का उन्माद का माहौल है और उसमें जिस संस्कृति के लोगों का वर्चस्व है इस सिलसिले को रोकना मुश्किल हो रहा है। लेकिन अकाल तख्त के जत्थेदार ने आगे आकर ऐसे तत्वों को आइना दिखाने का काम जरूर किया है। और उम्मीद की जा रही है कि इसका बड़ा असर होगा।

This post was last modified on August 10, 2019 6:40 pm

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Published by
Janchowk

Janchowk Official Journalists in Delhi