आरटीआई एक्टिविस्ट जेठवा हत्या मामले में बीजेपी के पूर्व सांसद दीनू सोलंकी दोषी करार

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नई दिल्ली। आरटीआई एक्टिविस्ट अमित जेठवा हत्या मामले में बीजेपी के पूर्व सांसद दीनू बोघा सोलंकी को दोषी पाया गया है। इसके अलावा सीबीआई कोर्ट ने सात और लोगों को दोषी करार दिया है। सजा की मियाद 11 जुलाई को घोषित की जाएगी। सोलंकी जूनागढ़ से बीजेपी के सांसद रह चुके हैं।

जेठवा की 20 जुलाई 2010 को गुजरात हाईकोर्ट के सामने दिनदहाड़े हत्या कर दी गयी थी। आरटीआई आवेदनों के जरिये उन्होंने गीर के जंगलों में होने वाले अवैध खनन का पर्दाफाश कर इस पूर्व सांसद की नाक में दम कर दिया था। ऐसा माना जाता है कि उसी से तंग आकर सोलंकी ने जेठवा की हत्या करवायी थी।

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इंडियन एक्सप्रेस के मुताबिक प्रारंभिक दौर में हत्या की जांच अहमदाबाद डिस्ट्रिक्ट क्राइम ब्रांच ने संभाली थी। जिसने शिवा सोलंकी (दीनू सोलंकी का भतीजा), शैलेश पांड्या, बहादुरसिंह वधेर, पंचन जी देसाई, संजय चौहान और उडजी ठाकोर समेत छह लोगों के खिलाफ चार्जशीट दायर की थी। डीसीबी ने सोलंकी को क्लीन चिट दे दी थी।

ऐसा होने के बाद जेठवा के पिता ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया। मामले की सुनवाई करने के बाद हाईकोर्ट ने सीबीआई जांच के आदेश दे दिए। और फिर उसके बाद सीबीआई ने 2013 में सोलंकी को दिल्ली से गिरफ्तार कर लिया। और उनके खिलाफ हत्या मामले की चार्जशीट दायर कर दी। इसमें सीबीआई ने सोलंकी को मुख्य षड्यंत्रकर्ता के तौर पर नामित किया था।

जेठवा हत्या मामले की जांच में कई मोड़ आए। इस मामले में हाईकोर्ट की तरफ से सीबीआई को क्राइम ब्रांच और अपनी जांच को मिला हत्या का मुकदमा चलाने का निर्देश दिया गया।

ट्रायल शुरू होने के साथ ही बहुत सारे गवाह पलट गए। उसके बाद जेठवा के पिता ने एक बार फिर हाईकोर्ट के दरवाजे पर दस्तक दी और उन्होंने पूरे मामले की फिर से ट्रायल करने की अपील की। क्योंकि 195 गवाहों में 105 सोलंकी के दबाव में पलट गए थे। इस तरह से ट्रायल खत्म हुआ।

अपील की सुनवाई के साथ ही हाईकोर्ट ने ट्रायल पर रोक लगा दी और उसने फ्रेश ट्रायल के आदेश दिया। हाईकोर्ट ने उस समय मामले को देख रहे स्पेशल जज दिनेश पटेल को भी हटाने का निर्देश दिया था।

कोर्ट के इस फैसले का लोगों ने स्वागत किया है। विधायक जिग्नेश मेवानी ने फेसबुक की अपनी टिप्पणी में कहा है कि  “गुजरात के बहुचर्चित अमित जेठवा हत्याकांड में आज सीबीआई कोर्ट ने भाजपा के पूर्व सांसद दिनु बोघा सोलंकी समेत 7 लोगों को दफा 302, 120-बी के तहत आज दोषित माना है। जांचकर्ता एजंसी सीबीआई के खराब रवैये के बावजूद, वकील आनंद याग्निक की महेनत रंग लाई। उन्हें सलाम।
कल ही अमित जेठवा के पिता भीखू भाई जेठवा और एडवोकेट आनंद याग्निक का राष्ट्रीय दलित अधिकार मंच की हमारी टीम सन्मान करेंगी”।

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