Saturday, October 1, 2022

Dastane Amir Hamza

उर्दू के क्लासिक अदब को जिंदा कर गए शम्सुर्रहमान फारूकी

यह सन् 1998 की बात है। तब मैं प्रकाशन विभाग से निकलने वाली उर्दू मैगजीन आज कल में सब एडिटर था और मेरे संपादक थे शम्सुर्रहमान फारूकी के भाई महबूब रहमान फारूकी साहब। तब शम्सुर्रहमान साहब का एक मजमून...
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सोडोमी, जबरन समलैंगिकता जेलों में व्याप्त; कैदी और क्रूर होकर जेल से बाहर आते हैं: सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को कहा कि भारत में जेलों में अत्यधिक भीड़भाड़ है, और सोडोमी और जबरन समलैंगिकता...
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