27.1 C
Delhi
Wednesday, September 29, 2021

Add News

महंगाई पर रोक लगाने और पेगासस पर अमित शाह के इस्तीफे की मांग को लेकर आरवाईए का प्रदर्शन

Janchowkhttps://janchowk.com/
Janchowk Official Journalists in Delhi

ज़रूर पढ़े

लखनऊ/इलाहाबाद। आवश्यक वस्तुओं की कीमतों में बेतहाशा वृद्धि पर रोक लगाने, दाल, तेल, गैस व पेट्रोल-डीजल के बढ़ रहे दाम पर रोक लगाते हुए दाम 60 रुपया से नीचे लाने तथा पेगासस जासूसी कांड के जिम्मेदार गृहमंत्री अमित शाह से इस्तीफा देने की मांग पर देशव्यापी आह्वाहन के तहत उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों में आरवाईए ने प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान युवाओं को संबोधित करते हुए प्रदेश अध्यक्ष राकेश सिंह व सचिव सुनील मौर्य ने कहा कि गरीब की थाली से दालें गायब हो रही हैं और उसके लिए दो जून की रोटी जुटाना मुश्किल होता जा रहा है, जबकि भाजपा नेताओं में मोदी के गुणगान की होड़ लगी है। 

दालों के दाम ढाई सालों में ही चार गुना से ज्यादा बढ़ गए हैं और भाजपा के लोगों ने भी महंगाई पर चुप्पी साध ली है, जिससे साफ साबित होता है कि मोदी सरकार और भाजपा के लोगों को आम जनता की कोई परवाह नहीं है, भाजपा मात्र सत्ता पाने के लिए लोगों को गुमराह करती है। उनका कहना था कि मोदी सरकार पेट्रोल के दाम 4-5 रुपए बढ़ाने के बाद जब एकाध रुपए कम कर देती है, तो सरकार अच्छे दिन आ जाने के माहौल बनाने लगती है। पड़ोसी देशों में भारत से आधी कीमत पर पेट्रोल डीजल बिक रहा है। अंतरराष्ट्रीय मार्केट में पेट्रोल के दामों में भारी कमी आने के बावजूद मोदी सरकार देश के लोगों को वाजिब कीमतों पर पेट्रोल मुहैया नहीं करवा रही।

उन्होंने कहा कि दालों सहित खाद्य वस्तुओं के दामों में आया उछाल यह साबित करता है कि मोदी सरकार ने आम आदमी के हितों की बलि देकर चंद औद्योगिक घरानों को लूट की खुली छूट दे रखी है। नेताओं ने कहा कि महंगाई पर भाजपा नेताओं की चुप्पी भी यही साबित करती है कि दाल में कुछ काला ही नहीं है पूरी दाल ही काली है।

इलाहाबाद के सह संयोजक प्रदीप ‘ओबामा’ ने कहा कि मोदी सरकार ने अपने ढाई वर्षों के कार्यकाल में आम आदमी की सुध लेने और वायदे निभाने की बजाए षड्यंत्र रचने में समय बिता दिया है, इससे साफ जाहिर होता है कि एनडीए और भाजपा का लोकतंत्र में विश्वास नहीं रह गया है। पेगासस जासूसी कांड इस षड्यंत्र का चरम रूप है। पेगासस का इस्तेमाल भारतीय नागरिकों के फोन हैक करने के लिए किया गया था। राजनीतिक नेताओं, पत्रकारों और कार्यकर्ताओं के निजी फोन की इतने बड़े पैमाने पर घुसपैठ निगरानी निजता के अधिकार का घोर उल्लंघन है। उच्चतम न्यायालय ने निजता के अधिकार को मूल अधिकार में शामिल किया है। पेगासस जासूसी नागरिकों की नागरिक स्वतंत्रता का हनन है। इनमें से कुछ फोनों के साइबर फोरेंसिक विश्लेषण से पता चला है कि कुछ लक्षित फोनों में पेगासस सॉफ्टवेयर डाला गया था। यह भारत सरकार के इशारे पर किया गया था, यह इस तथ्य से स्पष्ट है कि एनएसओ इस सॉफ्टवेयर को केवल सरकारों को बेचता है।

इस मौके पर इंकलाबी नौजवान सभा (इनौस) ने महंगाई कम करने और पेगासस जासूसी कांड के जिम्मेदार गृहमंत्री अमित शाह के इस्तीफे की मांग की।

तत्काल समाचारों के लिए, हमारा जनचौक ऐप इंस्टॉल करें

Latest News

कन्हैया कुमार और जिग्नेश मेवानी कांग्रेस में शामिल

"कांग्रेस को निडर लोगों की ज़रूरत है। बहुत सारे लोग हैं जो डर नहीं रहे हैं… कांग्रेस के बाहर...
जनचौक के नए ऐप से अपने फोन पर पाएं रियल टाइम अलर्ट और सभी खबरें डाउनलोड करें

Janchowk Android App

More Articles Like This

- Advertisement -

Log In

Or with username:

Forgot password?

Forgot password?

Enter your account data and we will send you a link to reset your password.

Your password reset link appears to be invalid or expired.

Log in

Privacy Policy

Add to Collection

No Collections

Here you'll find all collections you've created before.