छात्र यूनियन का आरोप : जेएनयू कुलपति का इस्तीफा मांगने वाले छात्रों पर ईंट, पत्थरों से हमला

जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी (जेएनयू) स्टूडेंट्स यूनियन ने आरोप लगाया है कि कुलपति का इस्तीफा मांगने वाले छात्रों पर शनिवार रात ईंट, पत्थर फेंके गए।

यूनियन की अध्यक्ष अदिति, उपाध्यक्ष गोपिका, महासचिव सुनील और सचिव दानिश के जारी बयान के अनुसार कुलपति धूलिपिंडी पंडित ने हाल में एक पॉडकास्ट में दलितों के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी की थी और यूजीसी नियमावली को अनावश्यक और 

अतार्किक करार दिया था। जिस पर कुलपति से माफी व इस्तीफे की मांग को लेकर ईस्ट गेट पर मार्च निकाला था। वीसी ने समूची यूनियन को रस्टीकेट कर दिया।

यूनियन ने समानता जुलूस का आह्वान किया जिसमें कल हजारों छात्र शामिल हुए। वीसी ने सामने आकर छात्रों से बात करना जरूरी नहीं समझा। छात्र एसएल एसआईएस लॉन पर जमा हुए जहां एबीवीपी के सदस्यों ने छात्रों पर ईंट पत्थर फेंके।

यूनियन ने आरोप लगाया है कि छात्रों पर लाठियों से भी हमला किया गया। जातिगत गालीगलौज किया गया। कुछ छात्रों ने बचने के लिए लाइब्रेरी की शरण ली। हिंसा रात भर चलती रही जबकि यूनिवर्सिटी के सुरक्षाकर्मियों और दिल्ली पुलिस ने हस्तक्षेप नहीं किया।

यूनियन के अनुसार पिछले पखवाड़े में विभिन्न विश्वविद्यालयों में यूजीसी नियमावली के पक्ष में बात करने वाले छात्रों पर हमले आम हो गए हैं। इलाहाबाद विश्वविद्यालय में यूजीसी नियमावली पर चर्चा करते छात्रों पर दिन दहाड़े हमला हुआ। मॉरिस पुलिस थाने में छात्रों से गालीगलौज किया गए, धमकाया गया। श्यामलाल कॉलेज में दिल्ली विश्वविद्यालय प्रोफेसर जितेंद्र मीणा के खिलाफ हिंसक नारे लगाए गए।

यूनियन ने 26 फरवरी को जेएनयू से शिक्षा मंत्रालय तक मार्च का आह्वान किया है।

(प्रेस विज्ञप्ति पर आधारित)

Leave a Reply