Wednesday, October 27, 2021

Add News

hoshangabad

पुनरुत्थान की बेला में परसाई को भूल गए प्रगतिशील!

हिन्दी की दुनिया में प्रचलित परिचय के लिहाज से हरिशंकर परसाई सबसे बड़े व्यंग्यकार हैं। इसमें कोई झूठ नहीं है पर सिर्फ़ इतना परिचय उनकी उस भूमिका को नज़रअंदाज़ करने वाली बात है जिसको याद करना आज और ज़्यादा...
- Advertisement -spot_img

Latest News

हाय रे, देश तुम कब सुधरोगे!

आज़ादी के 74 साल बाद भी अंग्रेजों द्वारा डाली गई फूट की राजनीति का बीज हमारे भीतर अंखुआता -अंकुरित...
- Advertisement -spot_img