1991 में जब मैं शैक्षिक उद्देश्यों से पटना आया और वहाँ की जनवादी नाट्य संस्था प्रेरणा से… Read More
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सन्दर्भ : 6 फरवरी, महान फ़िल्मकार ऋत्विक घटक का स्मृतिदिवस ऋत्विक घटक एक प्रतिबद्ध फ़िल्मकार थे। भारतीय… Read More
पूंजीवाद ने ‘बेचो और खरीदो’ के सिद्धांत में दुनिया को बदल दिया है। इसने मनुष्य को नागरिक… Read More
भारतीय रंगमंच में बी.वी. कारंत की पहचान असाधारण रंगकर्मी और रंगमंच प्रशिक्षण देने वाले विद्वान अध्यापक की… Read More
मेरा रंग फ़ाउंडेशन के पांचवें वार्षिकोत्सव में महिला उद्यमिता पर बातचीत हुई। ‘सफलता की उड़ान’ शीर्षक से… Read More
(नसीरुद्दीन शाह। भारत के जीवित कलाकारों में सबसे बड़ा नाम। इनकी समझदारी भरी संवेदनशीलता हमें अक्सर रास्ता… Read More