(संदर्भ : 9—10 अप्रैल, प्रगतिशील लेखक संघ का स्थापना दिवस) साल 1936 में लखनऊ के मशहूर ‘रिफ़ाअ-ए-‘आम’… Read More
ज़ाहिद खान
साहिर के मायने जादूगर होता है। शायर-नग़मा निगार साहिर लुधियानवी वाक़ई में एक जादूगर थे, जिनकी ग़ज़लें-नज़्में… Read More
मिर्ज़ा ग़ालिब ऑल टाइम फेवरेट और ऑल टाइम क्लासिक शायर हैं। वे जितने उर्दू ज़बान में मक़बूल… Read More
सन्दर्भ : 6 फरवरी, महान फ़िल्मकार ऋत्विक घटक का स्मृतिदिवस ऋत्विक घटक एक प्रतिबद्ध फ़िल्मकार थे। भारतीय… Read More
इरफ़ान को हम सब से जुदा हुए छह साल का अरसा हो गया, लेकिन आज भी यह… Read More
साल 2025 भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी का जन्मशती वर्ष है। सौ साल पहले 26 दिसम्बर, 1925 को उत्तर… Read More
हिन्दी लघु पत्रिकाओं का क्षेत्र बेहद विस्तृत है। इनमें से कई पत्रिकाएं ऐसी हैं, जो अपने वैचारिक… Read More
राजगोपाल सिंह वर्मा का नाम आज किसी तआरुफ़ का मोहताज नहीं। बीते पांच साल में ऐतिहासिक सब्जेक्ट… Read More
सेवाग्राम। 2, 3 और 4 अगस्त को ‘विकास संवाद’ (भोपाल) ने ‘हम, भारत के लोग और हमारा… Read More
हैदराबाद। ‘तेलंगाना प्रगतिशील लेखक संघ’, ‘तेलंगाना साहित्य अकादमी’ और ‘तेलंगाना उर्दू अकादमी’ के संयुक्त तत्वावधान में हैदराबाद… Read More