डॉ. सिद्धार्थ

बुद्ध पूर्णिमा पर विशेष: बुद्ध धम्म और भारत में प्रतिरोध की बहुजन-श्रमण प्रगतिशील परंपरा

मार्क्स ने कहा था “अब तक विद्यमान सभी समाजों का लिखित इतिहास वर्ग संघर्ष का इतिहास है।”… Read More

बंगाली पुनर्जागरण मिथ, बंगाल में संघ-भाजपा का बढ़ता वर्चस्व और जोतीराव फुले

देश के चार राज्यों और एक केंद्र शासित प्रदेश में चुनाव अपने अंतिम चरण में है। चुनावी… Read More

जन्मदिन पर विशेष: ब्राह्मणवादी कवच को तोड़ कर समाज में समानता और बराबरी के ढांचे के निर्माण के पक्षधर थे राहुल सांकृत्यायन

(09 अप्रैल 1893-14 अप्रैल 1963) भारतीय उपमहाद्वीप में जन्मा कोई व्यक्ति या तो मूलत: ब्राह्मणवादी विश्व दृष्टिकोण… Read More

इतिहासकार डी. एन. झा: हिंदुत्व केंद्रित इतिहास दृष्टि को निर्णायक चुनौती

66वें भारतीय इतिहास कांग्रेस (2006) को अध्यक्ष के रूप में संबोधित करते हुए डी. एन. झा ने… Read More

फुले की ‘गुलामगिरी’: ब्राह्मणवाद से मुक्ति के पहले घोषणापत्र का एक परिचय

(वरिष्ठ पत्रकार और एक्टिविस्ट प्रोफेसर दिलीप मंडल ने वसंत पंचमी (सरस्वती पूजन) के दिन डॉ. आंबेडकर के… Read More

शताब्दी वर्ष पर विशेष: मेहनतकश बहुजनों की विरासत है चौरी-चौरा की क्रांतिकारी बगावत

(भारतीय इतिहास की सबसे महत्वपूर्ण गौरव गाथाओं में एक चौरी-चौरी की क्रांतिकारी बगावत का आज ( 4… Read More