‘जिस बात का खतरा है, सोचो की वो कल होगी’– दुष्यंत की ग़ज़ल का मिसरा है। जितनी… Read More
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कोरोना संकट के दौरान अगर आप ने अख़बारों को ध्यान से पढ़ा होगा तो एक ‘पैटर्न’ आप… Read More
मानवता का दुर्भाग्य है कि शताब्दियों में कभी एक बार आने वाली महाआपदा के काल में एक… Read More
देखते-देखते क्रिप्टो करेंसी, अर्थात् तमाम राष्ट्रीय सरकारों की जद से मुक्त ऐसी सार्वलौकिक करेंसी के चलन पर… Read More