Subscribe for notification

अजीत जोगी के बेटे अमित जोगी गिरफ्तार, जमानत न मिलने पर भेजे गए जेल

रायपुर। छत्तीसगढ़ के पूर्व सीएम अजीत जोगी के बेटे और वर्तमान में जनता कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अमित जोगी को गौरेला पुलिस ने मरवाही सदन से गिरफ्तार कर लिया है। उन पर शपथ पत्र में नागरिकता की गलत जानकारी देने का आरोप है। 2013 में हुए विधानसभा चुनाव में समीरा पैकरा ने अमित जोगी के खिलाफ 420 का मामला दर्ज कराया था, लेकिन गिरफ्तारी नहीं हुई थी, इस मामले को लेकर सोमवार को समीरा ने बड़ी संख्या में लोगों के साथ प्रदर्शन किया था। और अमित जोगी की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की थी।

अमित का शपथ पत्र

बता दें कि पूर्व सीएम अजीत जोगी के बेटे अमित जोगी की जमानत याचिका असलम खान की कोर्ट से खारिज कर दी गई है। कोर्ट ने जोगी को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। अब वो ADJ कोर्ट पेंड्रा रोड में अपील करेंगे। बिलासपुर और गौरेला पुलिस ने अमित जोगी को गिरफ्तार कर पेंड्रा रोड स्थित व्यवहार न्यायालय में पेश किया था। जहां प्रथम श्रेणी न्यायिक दंडाधिकारी असलम खान की कोर्ट में सुनवाई हुई। न्यायालय में शासन की ओर से सरकारी वकील संजीव राय ने पक्ष रखा, वहीं अमित जोगी ने वकील न लेकर खुद अपनी पैरवी की।

मंगलवार की सुबह-सुबह बिलासपुर और गौरेला पुलिस अमित जोगी के घर पहुंची थी। जोगी के समर्थक भी मौके पर मौजूद थे, लेकिन उनको किनारे कर अमित जोगी को मरवाही सदन से गिरफ्तार ली। हालांकि इस दौरान कार्यकर्ता नारेबाजी करते रहे।

कोर्ट में अमित जोगी ने कहा कि हाईकोर्ट के आदेश के बावजूद उन पर FIR दर्ज करायी गयी। आपको बता दें कि अमित जोगी ने तीन जगहों पर अलग-अलग अपना जन्मस्थान बताया था, जिसे लेकर शिकायत दर्ज करायी गयी थी।

समीरा पैकरा ने वर्ष 2013 में मरवाही विधानसभा से भाजपा के टिकट पर अमित जोगी के खिलाफ चुनाव लड़ा था। चुनाव में हार मिलने के बाद समीरा ने चुनाव में नामांकन के समय छूट और गलत जन्म स्थान बताने को लेकर थाने में धारा 420 का अपराध पंजीकृत कराया था।

अमित जोगी की गिरफ्तारी पर पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी ने नाराजगी जतायी है। अजीत जोगी ने सीधे प्रदेश की भूपेश सरकार पर हमला करते हुए इसे द्वेषपूर्ण भावना से की गई कार्रवाई करार दिया। जोगी ने इसे हाईकोर्ट के अवमानना की कार्रवाई बताया है। उन्होंने इस मामले में सरकार को आड़े हाथों लिया है। अजीत जोगी ने कहा कि लगता है ये सरकार खुद को न्यायपालिका से ऊपर मान बैठी है, इसलिए बदले की भावना से कार्रवाई कर रही है।

(रायपुर से जनचौक संवाददाता तामेश्वर सिन्हा की रिपोर्ट।)

This post was last modified on September 3, 2019 6:18 pm

Leave a Comment
Disqus Comments Loading...
Share

Recent Posts

पुस्तक समीक्षा: झूठ की ज़ुबान पर बैठे दमनकारी तंत्र की अंतर्कथा

“मैं यहां महज़ कहानी पढ़ने नहीं आया था। इस शहर ने एक बेहतरीन कलाकार और…

14 mins ago

उमर ख़ालिद ने अंडरग्राउंड होने से क्यों किया इनकार

दिल्ली जनसंहार 2020 में उमर खालिद की गिरफ्तारी इतनी देर से क्यों की गई, इस रहस्य…

3 hours ago

हवाओं में तैर रही हैं एम्स ऋषिकेश के भ्रष्टाचार की कहानियां, पेंटिंग संबंधी घूस के दो ऑडियो क्लिप वायरल

एम्स ऋषिकेश में किस तरह से भ्रष्टाचार परवान चढ़ता है। इसको लेकर दो ऑडियो क्लिप…

5 hours ago

प्रियंका गांधी का योगी को खत: हताश निराश युवा कोर्ट-कचहरी के चक्कर काटने के लिए मजबूर

नई दिल्ली। कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को एक और…

6 hours ago

क्या कोसी महासेतु बन पाएगा जनता और एनडीए के बीच वोट का पुल?

बिहार के लिए अभिशाप कही जाने वाली कोसी नदी पर तैयार सेतु कल देश के…

6 hours ago

भोजपुरी जो हिंदी नहीं है!

उदयनारायण तिवारी की पुस्तक है ‘भोजपुरी भाषा और साहित्य’। यह पुस्तक 1953 में छपकर आई…

7 hours ago