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भीमा कोरेगांव मामले में डीयू के एक और प्रोफेसर के घर पुणे पुलिस का छापा,बगैर वारंट घंटों ली गयी तलाशी

नई दिल्ली। भीमा कोरेगांव मामले में दिल्ली के और प्रोफेसर के घर पर पुणे की पुलिस ने छापा मारा है। प्रोफेसर का नाम हनी बाबू है और वह डीयू के अंग्रेजी विभाग में पढ़ाते हैं। दिल्ली विश्वविद्यालय शिक्षक संघ यानी डूटा ने इसकी कड़े शब्दों में निंदा की है।

दिल्ली के ही एक दूसरे अध्यापक लक्ष्मण यादव के मुताबिक आज सुबह साढ़े छह बजे ही पुणे की पुलिस उनके आवास पर धमक पड़ी। उसके पास न तो कोई तलाशी का वारंट था और न ही किसी तरह के कोई कागजात। पुलिस की टीम अचानक आयी और उसने कमरे की तलाशी शुरू कर दी। लक्ष्मण की मानें तो नोएडा स्थित आवास से पुलिस उनका सारा इलेक्ट्रानिक डिवाइस उठा ले गयी।

डूटा ने अपने बयान में बताया है कि हनी बाबू के नोएडा आवास की पुणे पुलिस ने तकरीबन छह घंटों तक तलाशी ली। जबकि उसके पास उसका कोई वारंट नहीं था। बयान के मुताबिक उन्होंने पूरे घर की तलाशी ली और वो घर में मौजूद लैपटाप, पेनड्राइव और मोबाइल फोन समेत सभी इलेक्ट्रानिक डिवाइस उठा ले गए।

डूटा के नवनर्वाचित अध्यक्ष राजीब रे का कहना है कि पुलिस ने जब सारी तलाशी पूरी कर ली तब उसने बताया कि यह तलाशी भीमा कोरेगांव मामले से संबंधित थी।

डॉ. हनी पिछले एक दशक से दिल्ली विश्वविद्यालय में एसोसिएट प्रोफेसर के पद पर कार्यरत हैं। उनकी पत्नी भी मिरांडा हाउस में अध्यापिका हैं। रे का कहना है कि वह केवल बेहतरीन अध्यापक ही नहीं हैं बल्कि लोकतांत्रिक अधिकारों, अकादमिक स्वतंत्रता और विश्वविद्यालय के कानून एवं लोकतांत्रिक तरीके से संचालन के लिए होने वाली लड़ाइयों में सबसे आगे खड़े होते रहे हैं। इसके साथ ही सामाजिक न्याय के खुले पक्षधर हैं।

रे ने कहा कि बगैर किसी वारंट के इस तरह के छापे लोकतंत्र और व्यक्तिगत स्वतंत्रता के खिलाफ हैं। साथ ही यह चीजों को प्लांट करने के लिहाज से सबसे बेहतर मानी जाती हैं। आलोचना और असहमति के खिलाफ असहिष्णुता ही इस तरह की कार्रवाइयों का आधार रही है ठीक इसी तर्ज पर पिछले साल विश्वविद्यालय के एक्ट में परिवर्तित कर एस्मा को लगाने की कोशिश की गयी थी। उन्होंने कहा कि यह एकैडमिक आजादी और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर सीधा हमला है। और इसका दिल्ली विश्वविद्यालय और देश के दूसरे अकादमिक संस्थानों के अध्यापकों द्वारा हर स्तर पर विरोध किया जाएगा।

This post was last modified on September 10, 2019 9:27 pm

Janchowk

Janchowk Official Journalists in Delhi

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