Tuesday, October 26, 2021

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panthar

सामंतों, शोषकों और उत्पीड़नकारियों के दिलों में खौफ का नाम था दलित पैंथर

6 दिसंबर, 1956 को डॉ. आंबेडकर के परिनिर्वाण के बाद उनका आंदोलन बिखर गया। उनके पार्टी के नेता कांग्रेस की कुटिल राजनीति के शिकार हो गये। जिसके कारण पुरातनपंथी, धनी और शक्ति संपन्न तबकों के लोग दलितों के साथ...
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जन्मदिन पर विशेष: गांधी ने चाही थी गणेश शंकर जैसी मौत

25 मार्च, 1931 को कानपुर में एक अत्यंत दुःखद घटना हुयी थी। एक साम्प्रदायिक उन्माद से भरी भीड़ ने...
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