“मोदी के न्यू इंडिया का मकसद आजादी के बाद भविष्य के उजाले की तलाश में लगे भारत को भूतकाल के…
क्या भारत में धर्मनिपेक्षता अतीत का अवशेष बन गई है ?
करोड़ों भारतीय आतुर थे कि हमारे देश के खिलाड़ी टोक्यो ओलम्पिक में शानदार प्रदर्शन करें और अधिक से अधिक संख्या…
अजय बिष्ट से योगी आदित्यनाथ और अब ठोंक दो!
कहने को तो यूपी देश का सबसे बड़ा सूबा है। और लोकतंत्र के भी वहां सबसे ज्यादा मजबूत होने की…
क्या धर्मनिरपेक्षता भारत की परंपराओं के लिए खतरा है?
भारत को एक लंबे संघर्ष के बाद 15 अगस्त 1947 को ब्रिटिश राज से मुक्ति मिली। यह संघर्ष समावेशी और…
सेकुलरिज़्म को खतरा बताने वाले योगी को एक पल भी अपने पद पर बने रहने का नैतिक-संवैधानिक अधिकार नहीं: रिहाई मंच
लखनऊ। रिहाई मंच ने योगी आदित्यनाथ के उस बयान को देश पर मनुवादी व्यवस्था थोप कर दलितों और पिछड़ों को…
कारपोरेट और शोषण परस्त नीतियों के खिलाफ दरकार है एक मुकम्मल लड़ाई की
गणतंत्र दिवस पर पिछले दो महीनों से भी अधिक समय से दिल्ली की सीमाओं पर डेरा डाले किसानों के ट्रैक्टर…
कोश्यारी ने एक बार फिर खुद को नालायक साबित किया है!
संविधान की अनदेखी कर मनमाने तरीके से काम करने और अपने सूबे की सरकार के लिए नित-नई परेशानी खड़ी करने…
बेशर्मी और निर्लज्जता की हदें पार करते महामहिम!
संवैधानिक पदों पर बैठे लोगों ने भी अब शर्म और हया के सारे पर्दों को उतार कर फेंक दिया है।…
क्या भारत समाजवादी के बिना धर्मनिरपेक्ष गणतंत्र हो सकता है?
5 अगस्त 2020 को अयोध्या में राम-मंदिर के भूमि-पूजन की घटना बहुसंख्यक साम्प्रदायिकता की राजनीतिक-सामाजिक स्वीकृति पर मुहर कही जा…
रंज यही है बुद्धिजीवियों को भी कि राहत के जाने का इतना ग़म क्यों है!
अपनी विद्वता के ‘आइवरी टावर्स’ में बैठे कवि-बुद्धिजीवी जो भी समझें, पर सच यही है, इत्ते बड़े मुल्क में, एक…