Subscribe for notification

हरियाणा के बरोदा में खट्टर की ‘योजना’ को जेजेपी विधायक ने लगाया पलीता

हरियाणा में बरोदा उपचुनाव जीतने की तैयारियों को लेकर मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर की कोशिशों को अकेले विधायक ने पलीता लगा दिया है। यह विधायक हैं हरियाणा जननायक जनता पार्टी (जेजेपी) के जोगीराम सिहाग। बरवाला से चुने गए इस विधायक को खट्टर ने कल (15 अक्तूबर) ही हरियाणा आवास बोर्ड का चेयरमैन बनाया था, लेकिन सिहाग ने तीन कृषि कानूनों के मुद्दे पर विरोध जताते हुए घोषणा की है कि वो इस पद को स्वीकार नहीं करेंगे। सिहाग वही विधायक हैं, जो हरियाणा में कृषि विरोधी कानून के खिलाफ आंदोलन शुरू होने पर किसानों के साथ धरने पर भी बैठे थे।

सिहाग का पद लेने से इनकार करना बता रहा है कि दुष्यंत चौटाला की पार्टी जेजेपी में कलह बढ़ गई है। पिछले दो महीने से सिहाग और कुछ अन्य विधायक लगातार दुष्यंत की नीतियों को लेकर नाराजगी जता रहे थे। इन लोगों ने दुष्यंत पर दबाव भी बनाया था कि वो भाजपा से संबंध तोड़कर अलग हो जाएं। नाराज विधायकों का कहना था कि मोदी सरकार के कृषि कानून हरियाणा के किसानों को सीधे-सीधे प्रभावित करेंगे, इसलिए इस उचित मौके पर जेजेपी को अकालियों की तरह भाजपा से पीछा छुड़ा लेना चाहिए।

बरोदा उपचुनाव में नाक का सवाल
बरोदा में उपचुनाव खट्टर और भाजपा की नीतियों पर जनता की पसंद-नापसंद का फैसला करेगा। यानी अगर भाजपा यहां से उपचुनाव हारती है तो इसे मोदी के कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों की मुहर मानी जाएगी और जीतने पर इसे भाजपा बिहार विधानसभा चुनाव में भुना लेगी। यही वजह थी कि खट्टर ने सिर्फ भाजपा बल्कि जेजेपी और दुष्यंत का किला बचाने के लिए कल 15 अक्टूबर को तमाम कॉरपोरेशन और बोर्डों में 14 विधायकों-नेताओं की नियुक्तियां कर डालीं। इनमें जेजेपी के पांच विधायक और भाजपा के 9 नेता-विधायक शामिल हैं। बहुत जल्दबाजी में कल की गई इस घोषणा को बरोदा उपचुनाव से सीधे जोड़ दिया गया।

हालांकि राजनीतिक सूत्रों का कहना है कि खट्टर सरकार ने विधायकों के बीच अफवाह फैला रखी है कि कुल तीन सूचियां आनी हैं, जिनमें और विधायकों को भी एडजस्ट किया जाएगा। इस राजनीतिक घटनाक्रम में जेजेपी ज्यादा फायदे में रही है, क्योंकि उसके तमाम विधायक दुष्यंत चौटाला की तानाशाही से नाराज चल रहे हैं। पार्टी लगभग टूटने के कगार पर है, इसलिए उसके कुछ विधायकों को ‘एडजस्ट’ करके मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने एक तरह से दुष्यंत की इज्जत बचाने की कोशिश की है।

पूर्व भाजपा अध्यक्ष को जिम्मेदारी
मुख्यमंत्री चाहते थे कि सुभाष बराला को फिर से प्रदेश भाजपा की बागडोर मिले, लेकिन ऐसा नहीं हुआ तो अब उन्हें हरियाणा सार्वजनिक उपक्रम ब्यूरो के चेयरमैन की जिम्मेदारी सौंपी गई है। बराला टोहाना से चुनाव लड़े थे और हार गए थे। वहां जेजेपी विधायक देवेंद्र बबली चुनाव जीते थे। देवेंद्र बबली और सुभाष बराला में अक्सर राजनीतिक टकराव रहता है, लेकिन सरकार ने अब बराला को बबली के समानांतर राजनीतिक ताकत प्रदान कर दी है। बबली अपनी पार्टी के आला नेताओं से बेहद नाराज चल रहे हैं। उन्होंने सरकार पर भ्रष्टाचार के कई आरोप भी लगाए हैं।

पहली सूची में देवेंद्र बबली को चेयरमैन नहीं बनाया गया, लेकिन जेजेपी के तीन विधायक रामकरण काला, जोगी राम सिहाग, रामनिवास सुरजाखेड़ा, ईश्वर सिंह के पुत्र रणधीर सिंह और खरखौदा से जेजेपी के टिकट पर चुनाव लड़े पवन खरखौदा को चेयरमैन बनाया गया है। जोगी राम सिहाग को छोड़कर जेजेपी के चारों नेता दलित समुदाय से ताल्लुक रखते हैं। पहली सूची में जेजेपी के बागी विधायक रामकुमार गौतम का नंबर नहीं पड़ा है। बहरहाल, अब सिहाग ने जब चेयरमैन पद लेने से इनकार कर दिया है तो स्थिति बदल गई है।

कई और भी एडजस्ट किए गए
होडल के भाजपा विधायक जगदीश नायर को हरियाणा भूमि सुधार एवं विकास निगम, बादशाहपुर के निर्दलीय विधायक राकेश दौलताबाद को हरियाणा कृषि उद्योग निगम, बरवाला के जेजेपी विधायक जोगी राम सिहाग को हरियाणा आवास बोर्ड, शाहबाद के जेजेपी विधायक रामकरण काला को शुगरफेड एवं नरवाना के जेजेपी विधायक राम निवास सुरजाखेड़ा को हरियाणा खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड का चेयरमैन नियुक्त किया है।

चरखी दादरी से भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ चुकीं अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी बबीता फौगाट को हरियाणा महिला विकास निगम की चेयरपर्सन बनाया गया है। बबीता फौगाट ने हाल ही में खेल विभाग की उपनिदेशक पद से दूसरी बार नौकरी छोड़ी है।

कैथल के दलबदलू नेता को बड़ा इनाम
कैथल जिले के भाजपा नेता कैलाश भगत को हैफेड का चेयरमैन बनाया गया। कैलाश भगत कैथल से तीन बार इनैलो के टिकट पर चुनाव लड़ चुके हैं और पिछले विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा में शामिल हो गए थे। यमुनानगर जिले के राम निवास गर्ग को हरियाणा व्यापारी कल्याण बोर्ड, रेवाड़ी जिले के भाजपा नेता अरविंद यादव को हरको बैंक का चेयरमैन बनाया गया है।

भिवानी जिले के मुकेश गौड़ को हरियाणा युवा आयोग का चेयरमैन बनाया गया है। मुकेश गौड़ भाजपा युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष भी रहे हैं। सोनीपत जिले के जेजेपी नेता पवन खरखौदा को हरियाणा अनुसूचित जाति वित्त विकास निगम एवं गुहला के जेजेपी विधायक ईश्वर सिंह के बेटे रणधीर सिंह को हरियाणा डेयरी विकास संघ का चेयरमैन नियुक्त किया गया है। कुरुक्षेत्र जिले के भाजपा नेता धूमन सिंह किरमच को सरस्वती हैरिटेज बोर्ड का वाइस चेयरमैन बनाया गया है। इसी तरह करनाल जिले की भाजपा नेत्री निर्मला बैरागी को हरियाणा पिछड़ा वर्ग कल्याण निगम की चेयरपर्सन नियुक्त किया गया है।

(यूसुफ किरमानी वरिष्ठ पत्रकार और राजनीतिक विश्लेषक हैं।)

This post was last modified on October 16, 2020 3:51 pm

Share