बीच बहस

‘बिहार चुनाव’ के लिए की गयी ‘मोदी को किसानों का भगवान’ बनाने की ब्रॉन्डिंग

जो कोरोना से नहीं घबराये, प्रवासी मज़दूरों की दुर्दशा से बेचैन नहीं हुए, बेरोज़गारी और नौकरियाँ ख़त्म… Read More

एमनेस्टी को देश निकाला और सत्ताधारियों का फंड घोटाला

दुनिया भर में मानवाधिकारों पर काम करने वाली संस्था एमनेस्टी इंटरनेशनल इंडिया को देश निकाला कोई छोटी… Read More

आलोचना पत्रिका के बहानेः बाजार और जंगल के नियम में कोई फर्क नहीं होता!

पांच दिन पहले ‘आलोचना’ पत्रिका का 62वां (अक्तूबर-दिसंबर 2019) अंक मिला। कोई विशेषांक नहीं, एक सामान्य अंक।… Read More

अभी तक चौराहों पर क्यों नहीं लगे हाथरस गैंग रेप के आरोपियों के पोस्टर?

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री का मानना है कि अपराधियों का सामाजिक बहिष्कार करने से आपराधिक मामलों पर… Read More

जस्टिस अरुण मिश्रा के भूमि अधिग्रहण संबंधी फैसले पर चीफ जस्टिस ने उठाया सवाल

उच्चतम न्यायालय में तत्कालीन न्यायाधीश जस्टिस अरुण मिश्रा नीत संविधान पीठ के फैसले पर सवाल उठ खड़े… Read More

पाटलिपुत्र की जंग: दलों का तीसरा संगम बिगाड़ सकता है पहली दो धाराओं का खेल

बिहार का चुनावी तापमान पूरे शबाब पर है। एक तरफ जहां पार्टी अदलाबदली की कहानी तेज है, तो दूसरी… Read More