Friday, April 19, 2024

किसानों के समर्थन में राहुल और प्रियंका भी उतरे सड़कों पर

नई दिल्ली। किसान आंदोलन के 51 वें दिन आज देश की मुख्य विपक्षी पार्टी कांग्रेस देश भर में कृषि कानूनों के खिलाफ अधिकार दिवस मना रही है। इसके तहत देश के अलग-अलग हिस्सों में राजभवनों का घेराव व जगह जगह विरोध प्रदर्शन किया जा रहा है ।  दिल्ली में कमान खुद कांग्रेस नेता राहुल गांधी व प्रियंका गांधी ने संभाली है। 

दिल्ली में राजभवन का घेराव करने के बाद दोपहर 2 बजे राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा अब जंतर-मंतर की ओर निकले है। बता दें कि जंतर-मंतर पर कांग्रेस सांसद कई दिनों से धरने पर बैठे हैं।

इससे पहले दोपहर करीब 1 बजे दिल्ली में राजभवन को घेरने के लिए राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा की अगुवाई में कांग्रेस कार्यकर्ताओं का हुजूम निकला था। पुलिस ने राजभवन से पहले बेरिकेड्स लगा दिए थे, ताकि कांग्रेसी प्रदर्शनकारियों को रोका जा सके। हालांकि, कुछ देर बाद राहुल, प्रियंका प्रदर्शन स्थल से चले गए।

इससे पहले कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने अपने ट्वीट में लोगों से किसान आंदोलन से जुड़ने की अपील की थी। उन्होने ट्वीट करके लिखा कि देश के अन्नदाता अपने अधिकार के लिए अहंकारी मोदी सरकार के ख़िलाफ़ सत्याग्रह कर रहे हैं। आज पूरा भारत किसानों पर अत्याचार व पेट्रोल-डीज़ल के बढ़ते दामों के विरुद्ध आवाज़ बुलंद कर रहा है।

बता दें कि किसान विरोधी कृषि क़ानून के खिलाफ़ पूरे देश में कांग्रेस पार्टी विशाल मार्च निकाल रही है। राजधानी के प्रदर्शन में दिल्ली प्रदेश कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष चौधरी अनिल कुमार समेत हजारों कांग्रेस कार्यकर्ता शामिल हैं। 

प्रियंका गांधी ने अपनी एक फेसबुक पोस्ट में कहा है कि अपनी बात कहने आए किसान लगभग पिछले 50 दिनों से दिल्ली की सीमाओं पर बैठे हैं। किसानों के नाम पर भाजपा अपने अरबपति मित्रों को फायदा पहुंचाने वाले काले कानून लेकर आई है। भाजपा सरकार ने कोर्ट और कई अन्य जगहों पर झूठ बोला कि इन कानूनों को लाने के पहले किसानों से बातचीत की गई थी। जबकि सच्चाई यह है कि इन कानूनों को लाने से पहले किसानों से कोई भी सलाह – मशविरा नहीं किया गया था।

उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने संसद में भी बिना चर्चा के सत्ता का बुल्डोजर चलाकर इन कानूनों को पास कर दिया। इस बार भी संसद सत्र नहीं हुआ और कृषि कानूनों पर कोई चर्चा नहीं हो सकी। आखिर क्या कारण है कि भाजपा सरकार बिना चर्चा के, बिना किसानों की आवाज सुने इन कृषि कानूनों को किसानों पर थोपना चाहती है।

प्रियंका गांधी ने कहा कि 60 से ऊपर किसानों की इस आंदोलन में जान जा चुकी है। हजारों किसान व उनके परिवार अपनी खेती बचाने के संकल्प के साथ आन्दोलन में उतरे हैं। भाजपा सोचती है कि किसानों एवं इन कानूनों के बारे में झूठ फैलाकर वो इन कानूनों को लागू कर लेगी। किसानों के लिए बने कानूनों पर किसानों की ही बात नहीं सुनी जा रही है। लेकिन किसानों के दृढ़ संकल्प के आगे भाजपा की क्रूरता की हार होना तय है। कांग्रेस पार्टी पूरी दृढ़ता के साथ किसानों के साथ खड़ी है।

वहीं राजभवन का घेराव करने जा रहे उत्तर प्रदेश कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय लल्लू और एमएलसी दीपक सिंह को लखनऊ में गिरफ्तार कर लिया गया है। ये लोग किसान विरोधी कानून के खिलाफ राजभवन घेराव करने जा रहे थे। विधायक निवास से राजभवन की तरफ बढ़ रहे थे कांग्रेस नेता कि तभी उन्हें यूपी पुलिस ने कार्यकर्ताओं के साथ गिरफ्तार कर लिया। इन सभी को इको गार्डन ले जाया गया है।

लखनऊ में राजभवन का घेराव करने जा रहे कांग्रेस कार्यकर्ताओं को पहले पुलिस ने रोका, फिर कांग्रेस नेताओं की यूपी पुलिस से नोंक-झोक हुई। इसके बाद ही पुलिस ने कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू समेत कई कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार कर लिया है। 

जबकि सीएलपी नेता आराधना मिश्रा मोना को उनके घर में यूपी पुलिस ने नज़रबंद कर दिया है। 

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