बीच बहस

बिहार का पलटूराम+झड़पूराम सत्ताड्रामा: राजनैतिक पतनशीलता का उत्कर्ष काल

हम त्रेता युग की रामराज प्रजा से 22 जनवरी को कलियुगीन रामराज की प्रजा बने हैं। अयोध्या… Read More

सांप्रदायिक राष्ट्रवाद के दौर में समावेशी भारत के विचार की पुनर्स्थापना

कई राज्यों में राज्यपाल रह चुके सत्यपाल मलिक अनेक बार कह चुके हैं कि 2019 में हुए… Read More

भावुक सांद्रता नहीं निष्कंप बुद्धिमत्ता ही कठिन समय में काम आती है

मनुष्य के जीवन में विभिन्न त्यौहारों, उत्सवों, दिवसों को मनाये जाने का बहुत महत्व है। साधारणतः लोग… Read More

राजनीतिक दुविधा-सुविधा की खींच-तान में ताना-बाना को उलझावों से बचाने की चिंता

हम भारी उथल-पुथल के दौर से गुजर रहे हैं। इस दौर में आंख-कान को खुला रखने की… Read More

अयोध्या मेगा आयोजन के निहितार्थ: एक तीर, निशाने अनेक

अयोध्या में विराट भव्यता के वातावरण में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा गर्भगृह में रामलला की मोहक मूर्ति… Read More